गोरखपुर सांसद रवि किशन Photograph: (आईएएनएस)
नई दिल्लीः भाजपा सांसद और एक्टर रवि किशन ने संसद में बोलते हुए पीएम नरेंद्र मोदी से खाद्य पदार्थों के मूल्य और मात्रा निर्धारित करने की मांग की। रवि किशन ढाबों से लेकर फाइव स्टार होटलों तक में इनके मूल्य और मात्रा के संबंध में कानून की बात की। इस दौरान उन्होंने समोसे का उदाहरण दिया।
गोरखपुर से सांसद रवि किशन ने कहा "मैं अभी भी नहीं समझता कि एक ही मूल्य पर कुछ जगहों पर समोसा छोटी प्लेट और कुछ जगहों पर बड़ी प्लेट में क्यों दिया जाता है? करोड़ों ग्राहकों वाला इतना विशाल बाजार बिना किसी नियम कानून के चल रहा है।"
एकरूपता है जरूरी
रवि किशन ने संसद के शून्यकाल (जीरो ऑवर) के दौरान कहा कि हर जगह खाने-पीने के सामान की कीमतें अलग-अलग होती हैं, इनमें एकरूपता जरूरी है।
उन्होंने देशभर में खाने की मात्रा और मूल्य में एकरूपता न होने की बात कही। उन्होंने कहा,"कुछ होटलों में दाल तड़का 100 रुपये , 120 रुपये में मिलता है, वहीं, कुछ होटलों में 1,000 रुपये का मिलता है।"
सियासी वार-पलटवार
रवि किशन के इस बयान के बाद सियासी पारा गर्मा गया है। कांग्रेस प्रवक्ता सुरेंद्र राजपूत ने रवि किशन पर हमला बोलते हुए कहा कि क्या वह नरेंद्र मोदी के दोस्त गौतम अडानी के एयरपोर्ट पर महंगे दाम में बेचे जा रहे समोसे पर बोल सकते हैं?
वहीं, रवि किशन के बयान का बचाव करते हुए भाजपा प्रवक्ता राकेश त्रिपाठी ने कहा कि कांग्रेस को सदन की कार्यवाही में कोई रुचि नहीं है क्योंकि वे जनहित के मुद्दों का मजाक उड़ा रहे हैं।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस का ध्यान शोर मचाना है, कार्यवाही को बाधित करना और सदन में जानबूझकर बाधा उत्पन्न करना है। ऐसे लोगों ने इस तरह के व्यवहार को एक आदत बना लिया है इसलिए जनहित के मुद्दे को आश्चर्यचकित होना स्वाभाविक है।